मिस्र के अपधस्थ रास्ट्रपति हुस्नी मुबारक के बेटों की गिरफ़्तारी का हुक्म
काहिरा : ( एशिया टाइम्स / टी आर टी ) मिस्र की अदालत ने स्टाक मार्कीट में हेराफेरी के मुक़द्दमे में अपधस्थ रास्ट्रपति हुस्नी मुबारक के बेटों आला मुबारक और जमाल मुबारक की गिरफ़्तारी का हुक्म-जारी किया है।
मिस्र के नेशनल बैंक में धांदली" का है मुक़दमा
मिस्र की सरकारी न्यूज़ एजैंसी के मुताबिक़ क़ाहिरा की अदालत ने आला और जमाल मुबारक के साथ साथ 7 बड़े उद्द्योगपतियों पर "मिस्र के नेशनल बैंक में धांदली" के मुक़द्दमे की पेशी को 20 अक्तूबर तक के लिए टाल दिया है।
अदालत ने पेशी के दिन आला और जमाल मुबारक की गिरफ़्तारी का हुक्म-जारी किया है।
दूसरी तरफ़ अदालती सूत्रों के मुताबिक़ रास्ट्रपति महल के लिए तय 16 मिलियन डालर की अदायगी को अपने नाम करवाने के इल्ज़ाम से अदालती कार्रवाई का सामना करने के बाद आला और जमाल मुबारक को साल 2015 में रिहा कर दिया गया था लेकिन अब स्टाक मार्किट में धांदलियों के मुक़द्दमे में उन्हें फिर जेल भेज दिया जाएगा।
हुस्नी मुबारक को 2012 में एक जन आन्दोलन ने अपधस्थ कर दिया था
मालूम हो कि मिस्र में हुस्नी मुबारक को साल 2012 में एक जन आन्दोलन ने अपधस्थ कर दिया था , बाद में चुनाव हुए थे जिस में मिस्र में लोकप्रिय इख्वानुल मुस्लेमून को भरी जीत मिली थी .
डॉ मुहम्मद मुर्सी प्रेसिडेंट चुने गए उन्हों ने देश को संकट से निकालने के लिय बड़े क़दम उठाये थे ,लेकिन यह सरकार बहुत जल्द पश्चिमी ताकतों की साजिश का शिकार बना दी गई जिसमे कुछ अरब देश की सरकारें भी शामिल रहीं . जिस से हौसला पाकर मिस्र की फ़ौज ने हजारों लोगों का क़त्ल कर दिया और मुर्सी और उनके साथियों को जेल में डाल दिया था .

0 comments