हिजबुल्लाह चीफ बोला- हमास का हमला याद रखेगा इजराइल:कहा- वह अमेरिका के साथ मिलकर हमें दबा नहीं सकता; इजराइली सेना अलर्ट पर
इजराइल-हमास जंग शुरू होने के बाद लेबनान में हिजबुल्लाह लीडर हसन नसरल्लाह ने पहली बार लोगों को संबोधित किया। इस दौरान उसने कहा कि अमेरिका और इजराइल जैसी ताकतें कभी हमें दबा नहीं सकतीं। हमास के 7 अक्टूबर के हमले ने इजराइल को दहला दिया। वो इसे हमेशा याद रखेगा।
नसरल्लाह ने कहा- शहीद होने वाले लड़ाकों, बच्चों, पुरुष और महिलाओं को बधाई। वो इस जहान को छोड़कर ऊपर वाले के पास पहुंच गए हैं, और वहां किसी अमेरिका की सल्तनत नहीं है। गाजा में इजराइल के हाथों मरने वालों को जन्नत नसीब हुई है। वो उस जगह पर हैं जहां कोई इजराइली ऑपरेशन नहीं चल रहा है।
उसने कहा- इजराइल और पश्चिमी देशों में मौजूद उसके समर्थकों को ‘बड़ा झटका’ देने की जरूरत है, ताकि वो हिल जाएं। यह झटका इतना बड़ा होना चाहिए कि कब्जा करने वाले यहूदियों के वॉशिंगटन और लंदन में मौजूद समर्थकों को झकझोरा जा सके।
इससे पहले उत्तरी इजराइल में सेना को हाई अलर्ट पर रखा गया है। इजराइली डिफेंस फोर्सेस ने इसकी जानकारी दी है। सेना के प्रवक्ता एडमिरल डेनियल हागरी ने कहा कि ईरान हिजबुल्लाह के जरिए जंग को बढ़ाने का काम कर रहा है। दरअसल, 7 अक्टूबर के बाद से लेबनान की तरफ से हिजबुल्लाह लगातार इजराइल पर रॉकेट दाग रहा है।
आज नसरुल्लाह की स्पीच के बाद हमला और तेज होने की संभावनाएं हैं। इधर, IDF ने बताया है कि वो गाजा में तेजी से हमास की सुरंगें तोड़ रहे हैं।

सीजफायर के लिए अमेरिका और इजराइल राजी नहीं
इजराइल-हमास जंग के 28वें दिन अमेरिकी विदेश मंत्री एंटनी ब्लिंकन तीसरी बार तेल अवीव पहुंचे। यहां उन्होंने इजराइली प्रधानमंत्री बेंजामिन नेतन्याहू से मुलाकात की। BBC के मुताबिक, इस दौरान फिलिस्तिीनियों की सुरक्षा पर चर्चा हुई।
BBC के मुताबिक, अमेरिका और इजराइल सीजफायर के लिए राजी नहीं है। उनका मानना है कि सीजफायर से हमास को हमास पुनः संगठित होने और हथियार जमा करने का समय मिल जाएगा। हालांकि अब अमेरिका मानवीय लिहाजे से जंग को रोकने पर चर्चा कर रहा है।

इजराइल ने गाजा शहर को चारों तरफ से घेरा
इजराइली सेना ने दावा किया है कि उसने गाजा शहर को चारों तरफ से घेर लिया है और अब हमास के लड़ाकों से सीधी लड़ाई हो रही है। IDF के प्रवक्ता ने कहा- हमारे सैनिक हथियारों और एयरक्राफ्ट्स के जरिए हमास की कमांड सेंटर, लॉन्चिंग पोजिशन, सुरंगों और दूसरे ठिकानों पर हमला कर रहे हैं।
IDF ने कहा- हम हमास को खत्म करने की जंग में हैं। इस समय सीजफायर पर विचार भी नहीं किया जा रहा है। टाइम्स ऑफ इजराइल के मुताबिक, गुरुवार को इजराइली सेना ने करीब 150 हमास लड़ाकों को मार गिराया। हमास से लड़ाई में IDF के करीब 23 सैनिकों ने अपनी जान गंवा दी।
इजराइली PM नेतन्याहू ने कहा- हम गाजा शहर में पहले ही घुस चुके हैं। अब हमें कोई नहीं रोक सकता। हमारी पूरी कोशिश है कि जंग में फिलिस्तीनियों की मौत न हो, लेकिन हमास के लड़ाके उनके बीच में घुसे हुए हैं। उनके घरों के नीचे सुरंगे बना रखी हैं। ऐसे में कुछ जगहों पर फिलिस्तीनियों के होने के बावजूद हमले करना जरूरी हो गया है।

हमास बोला- काले बैग में भेजेंगे इजराइल सैनिकों के शव
इस बीच हमास की मिलिट्री विंग अल-कासिम ब्रिगेड के प्रवक्ता अबु ओबैदा ने कहा है कि इजराइल के जो सैनिक गाजा पर हमला कर रहे हैं, उन्हें मारकर काले बैग में वापस भेजा जाएगा। गाजा इजराइल के इतिहास का श्राप बनेगा।
दूसरी तरफ, लेबनान के हिजबुल्लाह आतंकी संगठन ने बताया कि उन्होंने गुरुवार को इजराइल की 19 पोजिशन पर हमले किए। इसके जवाब में इजराइली सेना ने बताया कि उन्होंने हमास के ठिकानों पर वॉरप्लेन और हेलिकॉप्टर्स से अटैक किया है। हिजबुल्लाह लीडर हसन नसरल्लाह आज पहली बार जंग पर बात करेंगे।

गाजा में बंधकों को ढूंढने की कोशिश कर रहे अमेरिकी ड्रोन्स
टाइम्स ऑफ इजराइल के मुताबिक, अमेरिकी ड्रोन बंधकों को ढूंढने के लिए गाजा शहर के ऊपर उड़ रहे हैं। दूसरी तरफ गुरुवार को इजराइल की डिफेंस फोर्सेस ने कहा था कि वो गाजा के अस्पतालों तक फ्यूल पहुंचने देगी, लेकिन बाद में PM नेतन्याहू ने ऑफिस ने इस बात को खारिज कर दिया। उन्होंने कहा कि फिलहाल ऐसा कोई फैसला नहीं हुआ है।
दरअसल, इजराइल डिफेंस फोर्स के चीफ ऑफ स्टाफ लेफ्टिनेंट जनरल हेर्जी हालेवी ने कहा था- हम गाजा के अस्पतालों को फ्यूल देंगे। गाजा के हालात की हर दिन समीक्षा की जा रही है। एक हफ्ते से वो कह रहे हैं कि गाजा के अस्पतालों में ईंधन नहीं है। फ्यूल भेजने की तैयारी की जा रही है। इस बात को तय किया जा जाएगा कि इस फ्यूल को हमास अपने नापाक इरादे पूरा करने के लिए इस्तेमाल न कर सके।
मैप में रेड लाइन गाजा के ऊपर मंडरा रहे अमेरिकी ड्रोन्स को दिखा रहे हैं...

गाजा में दूसरे रिफ्यूजी कैंप पर इजराइल का हमला
टाइम्स ऑफ इजराइल के मुताबिक, इजराइली नागरिकों ने गुरुवार को वेस्ट बैंक के दीर शर्फ में रहने वाले फिलिस्तीनियों के घरों, कारों, दुकानों को जला दिया। घरों में पत्थर भी फेंके। इजराइल ने गुरुवार को गाजा के दूसरे रिफ्यूजी कैंप पर हमला किया।
गाजा की हेल्थ मिनिस्ट्री ने कहा- बुरेज रिफ्यूजी कैंप में 15 लोगों की मौत हुई। यहां 46 हजार फिलिस्तीनी शरणार्थी रहते हैं। इसके पहले 31 अक्टूबर और 1 नवंबर को इजराइल ने गाजा के सबसे बड़े जबालिया रिफ्यूजी कैंप पर हमला किया था।
वेस्ट बैंक में 1200 से ज्यादा फिलिस्तीनी गिरफ्तार
इजराइली सेना वेस्ट बैंक में भी रेड कर रही है। यहां अब तक 1,220 फिलिस्तीनियों को गिरफ्तार किया जा चुका है। सेना का कहना है कि इनमें से 740 हमास के लड़ाके हैं।
इजराइली सेना का कहना है कि वेस्ट बैंक में भी हमास लड़ाके मौजूद हैं। यहां सेना और फिलिस्तीनियों के बीच झड़प हो रही है। जंग की शुरुआत से अब तक वेस्ट बैंक में रह रहे 128 फिलिस्तीनी मारे गए हैं। 1,900 से ज्यादा लोग घायल हैं।

हमास लड़ाका बोला- तब तक गोलियां चलाईं जब तक बच्चों का चिल्लाना बंद नहीं हो गया
इजराइली सेना ने गिरफ्तार किए गए एक हमास लड़ाके का वीडियो जारी किया। इसमें उसने कबूल किया है कि उसने एक घर में बच्चों की जान ली है। वो कहता है- हम एक घर में घुसे। एक कमरे से बच्चों की आवाज आ रही थी। मैंने उस कमरे में तब तक गोलियां चलाईं जब तक बच्चों का चिल्लाना बंद नहीं हो गया। उसने कहा- मेरे माता-पिता नहीं जानते की मैं हमास का हिस्सा हूं, वो मुझे कभी माफ नहीं करेंगे।

हमास के पास इजराइली सेना के अफसरों के एड्रेस
टाइम्स ऑफ इजराइल के मुताबिक, हमास लड़ाकों के पास इजराइली सेना के अफसरों का एड्रेस है। इस बात का खुलासा मारे गए लड़ाकों के पास से मिले डॉक्यूमेंट्स से हुआ। चैनल 13 के मुताबिक, इन एड्रेस के जरिए लड़ाके एक अफसर के घर भी पहुंच गए थे, लेकिन सेना ने हमला नाकाम कर दिया।
इजराइल ने फिलिस्तीनियों के इलाज के लिए दूसरे देशों से मदद मांगी
जर्मनी में इजराइली राजदूत ने दूसरे देशों से घायल फिलिस्तीनियों के इलाज के लिए मदद मांगी है। उन्होंने अपील की है कि दूसरे देश जल्द हॉस्पिटल शिप मिस्र भेजें। यहां राफा बॉर्डर के जरिए घायल फिलिस्तीनी बड़ी संख्या में पहुंच रहे हैं।

गाजा का एकमात्र कैंसर अस्पताल बंद
गाजा कि हेल्थ मिनिस्ट्री ने बताया कि गाजा का एकमात्र कैंसर का अस्पताल फ्यूल की कमी के कारण बंद हो गया। यहां 70 मरीजों को जान खतरे में है। हालांकि, तुर्किये ने इन मरीजों का इलाज करने का जिम्मा उठाया है। गाजा में 35 अस्पताल हैं। 16 अस्पताल फ्यूल की कमी की वजह से बंद हो चुके हैं।
इजराइली सेना बोली- टनल आतंकियों की कब्र बनेंगी
इजराइल की डिफेंस फोर्सेस ने गाजा में हमास की सुरंगों को तोड़ना शुरू कर दिया है। टाइम्स ऑफ इजराइल की रिपोर्ट के मुताबिक सुरंगों को फिलहाल गाजा के उन इलाकों में तोड़ा जा रहा है जो इजराइल के कब्जे में हैं। इन्हें तोड़ने के लिए इजराइली इंजीनियर्स विस्फोटक और रोबोट्स का इस्तेमाल कर रहे हैं।
IDF की सदर्न कमांड के हेड ने कहा- हो सकता है शुरुआत में हमास हम पर इन सुरंगों से हमले करें। हम सुरंगों की एंट्री बंद कर देंगे। हमास के कमांडरों को अंदर ही दम घोंट कर मारेंगे। ये टनल अब आतंकियों की कब्र बनेंगी।
इजराइल-हमास जंग से जुड़ी तस्वीरें...





भारतीय मूल के सैनिक की मौत
हमास को खत्म करने के मकसद से इजराइली सेना गाजा में ग्राउंड ऑपरेशन चला रही है। इस दौरान बुधवार को हमास लड़कों से लड़ते हुए एक भारतीय मूल के इजराइली सैनिक की मौत हो गई। मारे गए सैनिक का नाम स्टाफ सार्जेंट हलेल सोलोमन बताया जा रहा है।
हलेल इजराइल के डिमोना इलाके से थे। इस जगह में काफी भारतीय मूल के लोग रहते हैं इसलिए इसे लिटिल इंडिया भी कहा जाता है। डिमोना के मेयर बेनी बिट्टन ने इंस्टाग्राम पोस्ट पर हलेल की मौत की जानकारी दी।

'अल-अक्सा फ्लड' के खिलाफ इजराइल का ऑपरेशन 'सोर्ड्स ऑफ आयरन'
हमास ने इजराइल के खिलाफ अपने ऑपरेशन को 'अल-अक्सा फ्लड' नाम दिया है। इसके जवाब में इजराइल की सेना ने हमास के खिलाफ 'सोर्ड्स ऑफ आयरन' ऑपरेशन शुरू किया। हमास के सैन्य कमांडर मोहम्मद दीफ ने कहा था- ये हमला यरुशलम में अल-अक्सा मस्जिद को इजराइल की तरफ से अपवित्र करने का बदला है। दरअसल, इजराइली पुलिस ने अप्रैल 2023 में अल-अक्सा मस्जिद में ग्रेनेड फेंके थे।
वहीं, हमास के प्रवक्ता गाजी हामद ने अल जजीरा से कहा था- ये कार्रवाई उन अरब देशों को हमारा जवाब है, जो इजराइल के साथ करीबी बढ़ा रहे हैं। हाल ही के दिनों में मीडिया रिपोर्ट्स में दावा किया गया था कि अमेरिका की पहल पर सऊदी अरब इजराइल को देश के तौर पर मान्यता दे सकता है।
इजराइल और फिलिस्तीन के बीच क्यों है विवाद?
मिडिल ईस्ट के इस इलाके में यह संघर्ष कम से कम 100 साल से चला आ रहा है। यहां वेस्ट बैंक, गाजा पट्टी और गोलन हाइट्स जैसे इलाकों पर विवाद है। फिलिस्तीन इन इलाकों समेत पूर्वी यरुशलम पर दावा जताता है। वहीं, इजराइल यरुशलम से अपना दावा छोड़ने को राजी नहीं है।
गाजा पट्टी इजराइल और मिस्र के बीच में है। यहां फिलहाल हमास का कब्जा है। ये इजराइल विरोधी समूह है। सितंबर 2005 में इजराइल ने गाजा पट्टी से अपनी सेना वापस बुला ली थी। 2007 में इजराइल ने इस इलाके पर कई प्रतिबंध लगा दिए। फिलिस्तीन का कहना है कि वेस्ट बैंक और गाजा पट्टी में स्वतंत्र फिलिस्तीन राष्ट्र की स्थापना हो।

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अल-अक्सा मस्जिद में इजराइली पुलिस ने नमाजियों को गिरफ्तार किया; हमास ने कहा- कीमत चुकानी पड़ेगी

इजराइल में यरुशलम के अल-अक्सा मस्जिद में पुलिस और फिलिस्तीनियों की बीच झड़प हो गई। पुलिस ने कार्रवाई करते हुए कई लोगों को गिरफ्तार किया और उन पर पवित्र मस्जिद को नुकसान पहुंचाने का आरोप लगाया। पुलिस के मुताबिक, कुछ फिलिस्तीनियों ने खुद को पटाखों, लाठी और पत्थरों के साथ मस्जिद में बंद कर लिया था और बाहर बैरिकेडिंग लगा दी थी।

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