दिल्ली में अपनी तरह का अनोखा पुरस्कार समारोह “पुरुषार्थ महोत्सव 2019” आयोजित
नई दिल्ली के इंडियन सोसाइटी फॉर इंटरनेशनल लॉ में अपनी तरह का अनोखा पुस्कार समारोह आयोजित किया गया। इस पुरस्कार समारोह का नाम पुरुषार्थ महोत्सव रखा गया था। अब तक गुमनामी के अंधेरे में रहकर समाज की भलाई के लिए बढ़-चढ़कर योगदान देने वाले वाले पुरुषार्थियों को यह पुरस्कार दिया जाएगा। इस पुस्कार समारोह का आयोजन टीम पुरुषार्थ ने सेव इंडियन फैमिली फाउंडेशन (एसआईएफएफ) के सहयोग से किया। एसआईएफएफ की लीड या प्रतिनिधियों में श्री रूपांशु प्रताप सिंह, श्री विक्रम बिस्यार और श्री कुमार एस. रत्न शामिल थे।
राज्यसभा सदस्य श्री के.टी.एस तुलसी, ने कहा , “ सिर्फ कानून बनाने से समाज की बुराइया नहीं खत्म होती है , बुराई खत्म होती है जब लोग अपने आदर्शपूर्ण व्यव्हार का उदाहरण पेश करते हैं , 1995 में दहेज़ प्रताड़ना के केसों की संख्या 4668 थी जो बढ़ कर 2005 में 6776 और 2015 में 7638 रिकॉर्ड किया गया | इसके अलावा झूठे केसों की संख्या दिन प्रतिदिन बढती गयी है , जहां कानून का दुरूपयोग कर महिलाएं अपने विशेषाधिकार का फायदा उठाती रही हैं | मैंने संसद में एक प्रस्ताव रखा है की यौन उत्पीड़न की सज़ाएं जेंडर न्यूट्रल हो| जिससे कानून का दुरूपयोग ना हो और समाज में संतुलन बना रहे | श्री के.टी.एस तुलसी ने कहा की पुरुषार्थी महोत्सव 2019 की यह पहल हर पीड़ित पुरुष को न्याय दिलाने की पहल है| मै कामना करता हूँ की यह शुरुआत समाज मैं सकारात्मक बदलाव लाएगी |”
पूर्व सांसद श्री अंशुल वर्मा ने कहा,” समाज का कल्याण करना ही पुरुषार्थ है , लोगो को शिक्षित करने से ही समाज में बदलाव आएगा क्यों की शिक्षा ही आपको स्वतंत्र सोच देती है | भारत एक युवा देश है जहा युवाओं को एक सही मार्गदर्शन की जरूरत है जो उन्हें मानसिक तौर पर मजबूत व स्वतंत्र बनाये , पुरुषार्थ महोत्सव आगाज़ है समाज में नई सोच के प्रादुर्भाव का | “
श्री आर .के .सोलंकी ( लाइफटाइम अचीवमेंट अवार्ड) ने कहा , “ मै सहृदय ध्यानवाद करता हूँ पुरषार्थ का की जिसने मुझे इस मंच पर मेरे काम को सराहा है , ये जो समस्याएं यहाँ पर बताई गयी है चाहे वो दहेज़ प्रतारणा हो या मानसिक उत्पीड़न ये वो समस्या है जिससे हर व्यक्ति रूबरू है हमें समाज में सुधार की सुरुवात एक परिवार से होता है जो मैंने भी इसी राह को चुना |”
कुमार एस रतन ने कहा "The sky is not pink, it's blue. आज महोत्सव का मूल उद्देश्य है कि, आप सब पुरूषार्थीयों के हर पुरुष किसी ना किसी सामाजिक कार्यों से जुड़े और देश, परिवार, समाज को बेहतर से और बेहतर बनाने में योगदान दे."
इस पुस्स्कार समारोह में राज्यसभा के नामांकित सदस्य श्री के.टी.एस तुलसी मुख्य अतिथि थे। यूपी के हरदोई से पूर्व सांसद श्री अंशुल वर्मा समारोह के सम्मानित अतिथि थे। इस कार्यक्रम में एक शार्ट फिल्म “एक्यूस्ड” की स्क्रीनिंग की गई, जिसका निर्देशन श्री जतिन चानना ने किया है। “एक्यूस्ड” में पुरुषों की रोजमर्रा की जिंदगी की दुख, तकलीफ और समस्याओं को दिखाया गया है। इस अवसर पर एक अन्य डॉक्यूमेंट्री फिल्म निर्माता ओर जेंडर राइट्स सपोर्टर मिस दीपिका नारायण भारद्वाज की डॉक्युमेंट्री फिल्म “इंडिया” सन के ट्रेलर की स्क्रानिंग की गई। इसके बाद समाज के विभिन्न वर्गों से आए विशेषज्ञों ने पैनल डिस्कशन किया। उन्होंने वहां आए लोगों से बातचीत की और उनके सवालों के जवाब दिए

0 comments